Bhadas ब्लाग में पुराना कहा-सुना-लिखा कुछ खोजें.......................

6.12.16

राम के देश में विभीषण की खोज

नई दिल्ली। रावण ने श्री राम से मृत्यु के पहले एक सच कहा प्रभु आपसे मैं ज्यादा ताकतवर था उसके बाद भी मैं आपसे क्यूं हारा ! सिर्फ इसलिए कि इस युद्ध में जहां एक ओर मेरा भाई (विभिषण) मेरे साथ नहीं था वही दुसरी ओर आपका भाई (लक्ष्मण) आपके साथ था जिसने मेरी सबसे बड़ी कमजोर और सबसी बड़ी ताकत के बारे में आपको एक - एक बात बता दी लेकिन मैं आपकी कमजोर कड़ी और सबसे बड़ी ताकत को जान नहीं सका। मेरा भाई घर का भेदी और कुल द्रोही था जबकि आपका भाई आपकी परछाई। त्रेतायुग सें राम का साथ देने के कारण विभिषण लंका का राजा बनने तथा राजा राम को भरत से भी अधिक प्रिय होने के बाद भी आज तक अपने ऊपर लगे दागो को धो नहीं सका। आज भी विभिषण लंका से लेकर अयोध्या तक कुलद्रोही - घर का भेदी के रूप में ही पहचाने जाने लगा है। उसे एक राजा या मित्र के रूप में न तो लंका में सम्मान मिला न राम के देश भारत में जहां पर आज भी रोम - रोम में राम बसते है।

LED to be made mandatory in the national off-grid solar programme

·  Reflecting industry growth, LED Expo opened doors with higher number of exhibitors than last year
·  Over 275 companies from 11 countries partake and 15 products launched at the fair

Supporting the next phase of LED implementation in India, LED  Expo –  the nation’s foremost exhibition on LED lighting products and technologies closed its doors in the capital last week. Held from 2 – 4 December in the nation’s capital, Over 275 companies from India and 10 countries are showcasing the latest high-quality and price competitive solutions for the Indian market that can be used in the government’s energy-efficient programmes and high-consumption commercial and industrial sectors.

30.11.16

भास्कर समूह ये कैसी पत्रकारिता कर रहा...

दैनिक भास्कर अखबार का प्रबंधन अपने अखबार का किस कदर दुरुपयोग कर पाठकों के साथ छल कर रहा है, इसका प्रमाण अखबार में छपी ये कुछ खबरें और विज्ञापन हैं... इसे पेड न्यूज कहा जाए या रेवेन्यू के लिए चरम पतन...





रतन टाटा और साइरस मिस्त्री प्रकरण पर इकोनामिक टाइम्स का अनूठा प्रयोग

इकोनामिक टाइम्स अखबार ने रतन टाटा और साइरस मिस्त्री प्रकरण पर अनोखा प्रयोग किया. जब साइरस मिस्त्री टाटा समूह के चीफ बने तब और जब मिस्त्री हटाए गए तब, दोनों ही घटनाक्रमों के दौरान पहले पन्ने पर लीड हेडिंग को एक ही रखा गया... इसे कहते हैं समझदार प्रयोग...


उफ्फ! इतना घटिया संपादक...

सुदर्शन न्यूज नामक हिंदी चैनल के मालिक और संपादक की घटिया सोच-मानसिकता देखने के लिए यह स्क्रीनशाट ही काफी है...


एनडीटीवी पर बैन के खिलाफ 4पीएम अखबार कुछ यूं प्रकाशित किया गया

लखनऊ के चर्चित सांध्य दैनिक 4पीएम के प्रबंधन ने एनडीटीवी पर बैन के खिलाफ एक अनोखा प्रयोग किया.. देखें अखबार के दो पेज...



अमर सिंह के खिलाफ इससे घटिया पोस्टर नहीं लगाया जा सकता...

समाजवादी पार्टी के अंदरुनी कलह के दिनों यूपी में अमर सिंह को लेकर बेहद घटिया पोस्टर सपा के एक धड़े ने जगह जगह लगवाया... देखें...

बच्चों से अखबार बंटवाता है 'प्रदेश टुडे' का प्रबंधन!

मध्य प्रदेश का अखबार प्रदेश टुडे का प्रबंधन बाल मजदूरों के जरिए अखबार बंटवाता है.. देखें तस्वीरें..



एबीपी न्यूज ने पांच हजार का नोट भी बंद करा दिया!

एबीपी न्यूज ने पांच सौ की जगह पांच हजार का नोट बंद करा दिया.. देखें चैनल पर चली खबर की तस्वीर...


अखबार ने फर्स्ट पेज पर मोदी की फोटो के नीचे कैप्शन में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह लिख दिया

कोलकाता के एक बड़े अखबार हिंदी दैनिक सन्मार्ग के 8 नवंबर के अंक में फर्स्ट पेज पर मोदी के फोटो के नीचे कैप्शन में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह लिख दिया गया. देखें अखबार...


First Page of Sanmarg (8 Nov- issue), Largest circulated daily in Kolkata Captioning PM Modi as Manmaohan Singh with British PM Theresa May

मस्जिद में घुस गई बस, हुआ बवाल

शाहजहांपुर : एक मस्जिद में मंगलवार को बस घुस जाने से मस्जिद का एक हिस्सा टूट गया गया। जिसके बाद लोगो ने जमकर बवाल काटा। गुस्साए लोगो ने बस पर पथराव कर दिया। बस के शीशे तोड़ दिए इतने भर से जब लोगों का गुस्सा शांत नही हुआ तो गुस्साए लोगों ने बस को आग के हवाले कर दिया। जिसके बाद अफरा-तफरी का माहौल हो गया। जिसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। ये खबर शहर में आग की तरह फैली तो अफवाहें भी गर्म होने लगी। देखते ही देखते मौके पर हजारों की तादाद में लोग इकट्ठा हो गए और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को काबू करने की कोशिश की तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई।

क्या आरएसएस के लोग अछूत हैं?

शिक्षा के भारतीयकरण और मूल्य आधारित शिक्षा के लिए काम करने वाले गिने-चुने लोगों में अतुल कोठारी का नाम बड़े ही आदर के साथ लिया जाता है। श्री कोठारी अदालती कामकाज, चिकित्सा, प्रबंधन, तकनीकी क्षेत्र और सरकारी कामकाज सहित जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में हिंदी और स्थानीय भारतीय भाषाओं के प्रयोग के पक्षधर हैं। भाषा बचाओ आंदोलन, शिक्षा बचाओ आंदोलन, शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास और भारतीय भाषा मंच जैसे आन्दोलनों में उनकी अग्रणी भूमिका है। नई शिक्षा नीति, भाषायी संकट, शिक्षा के भगवाकरण जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर उनसे बात-चीत की। पेश हैं बात-चीत के प्रमुख अंश-


नोटबंदी से लघु उद्योगपतियों और किसानों को सदमा लगा है, इनके कर्ज माफ करें

आदरणीय,
श्री नरेंद्र दामोदरदास मोदीजी
प्रधानमंत्री ,भारत सरकार

विषय : लघु उद्योगपतियों व किसानों के ऋण माफी हेतु आवेदन।

महोदय,

मैं यह पत्र बतौर देश  के सजग एवं ईमानदार नागरिक होने के नाते आपको प्रेषित  कर कर रहा हूं। न ही मेरा प्रयोजन निजी हित का है न ही किसी तरह का निम्न राजनीतिक अभिप्राय । देश  की भलाई व विकास क लिए आपने दो महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। पहला पाकिस्तान के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक  दूसरा सबसे महत्वपूर्ण फैसला विमुद्रीकरण का । नोटबंदी या वास्तव में कहे तो नोटबदली के इस फैसले का आम नागरिक ने खुले दिल से समर्थन किया है। इस फैसले से दूरगामी स्वर्णिम लाभ देश  को होंगे  इसमें कोई संदेह नहीं। फिलहाल आपके इस फैसले से दो ऐसे वर्ग हैं जिन्हें वर्तमान में सबसे अधिक कष्ट  सहना पड रहा है। पहला वर्ग है लघु उद्योगपति ,दूसरा वर्ग है किसान। ये दोनों ही वर्ग आपके इस फैसले के बाद आपकी ओर सकरात्मक नजरिए से देख रहा है। ये अगर निराश होते हैं तो ये देश  के सबसे बडे वर्ग को गहरा सदमा लगेगा।

कालेधन को लेकर मोदी सरकार के ताजा फैसले पर ' नज्म '

--------   आधा हमारा-आधा तुम्हारा  --------

है कालेधन का नियम पुराना
आधा तुम्हारा-आधा हमारा

ये कल्लू जन्मा है जिस गुनाह से
आधा तुम्हारा-आधा हमारा

कविता : ...और अब वे कहते हैं कहां है जातिवाद आजकल?

क्रांतिकारी बदलाव
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बैलगाड़ी से जाते हुये
उन्होंने मेरे दादा से
गांव की ही बोली में
पूछी थी उनकी "जात"
उन्होंने विनीत भाव से
बता दी.

25.11.16

रीयल इंडिया मेच्युल बेनेफिट कंपनी की धोखाधड़ी, एजेंट को आत्महत्या से बचाइए...



हमें आप सबकी सहायता से न्याय चाहिए...  हम लखनऊ (यूपी) की "रीयल इंडिया मेच्युल बेनेफिट" नामक कंपनी का गुजरात मे काम करते थे पिछले दो साल से। हम निवेशकों के पैसे इस कंपनी मे डेली ओर मंथली एक साल की योजना में लगाते थे। जब हमें पता चला कि कंपनी ने सरकारी टैक्स तक नहीं भरी है तो हमने छानबीन की। छानबीन के जरिए और घोटाले सामने आये कि कंपनी के पास गुजरात सरकार का पंजीकरण भी नहीं था ओर हमें धोखे में रखकर करोड़ों का काम करवाया है।

नव भारत हिंदी दैनिक समाचार पत्र की दुर्दशा की हकीकत

मध्य प्रदेश  भोपाल , इंदौर , जबलपुर , ग्वालियर  , सतना , छिंदवाड़ा से नव भारत  समाचार पत्र का अन्त एवम पूर्णतः दुर्दशा की हकीकत और कारण... नव भारत की इस दुर्दशा का कारण कोई और नहीं स्वयं आप (इसके संचालक मालिक ) ही हैं , नव भारत समाचार पत्र के पतन के मूल कारण , पारिवारिक  आपसी अंतर कलह , मीडिया चलाने का घमंड , अत्याधिक घमंड एवम अकड़ , कर्चारियों पर अविश्वास , कर्मचारियों का अत्याधिक शोषण , कर्चारियों का वेतन न देना , कर्मचारियों का प्रोविडेंट फण्ड जमा न  करना , बैंको के लोन हड़पने की नियत , एन बी प्लांटेशन के माध्यम से हड़प्पी इन्वेस्टर की पूंजी के कारण गिरती साख , और रेपुटेशन , सेंकडो  चलते कोर्ट केस ,  आए दिन छपते  बैंकों के कुड़की के नोटिस , कर्मचारी सैलरी और प्रोवीडेन ना मिलने से परेशान , मटीरिअल सप्लायर्स उधारी वसूलने से परेशान , कुल मिलकर नव भारत की  केवल और केवल  फाइल कॉपियां ही छपती हैं.

नव भारत के कर्मचारियों का शोषण, दुविधा में परिवार! आखिर यह कैसी नौकरी

नव भारत के शोषित कर्मचारी , बेचारे मोहताज़ हैं बेहाल हैं , बच्चे और परिवार वाले इनके पूछते हैं यह कैसी नौकरी है , जहां महीनों वेतन नहीं मिलता , तनखा के नाम पर नव भारत के संचालक कर्मचारियों के टुकड़े में खेरात बांटते हैं , कर्मचारी कोई तीज त्यौहार , होली , दशहरा , दिवाली, ईद नहीं मना पाता ,बच्चों को कपडे नहीं दिला पाता , स्कूल की फीस  समय पर जमा नहीं करवा पाता, मकान का किराया जमा नहीं कर पाता , हर महीने मकान मालिक की बातें सुनने को मज़बूर है नव भारत का कर्मचारी ,

हरियाणा न्यूज से तीन और गए, कांडा ने दिया मैनेजिंग एडिटर को आखिरी मौका

खबर विवादित पूर्व राज्यमंत्री गोपाल कांड के चैनल एसटीवी हरियाणा न्यूज़ से है... बताया जा रहा है हरियाणा न्यूज में इनदिनों सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है एक तरफ जहां चैनल बंद होने की तरफ बढ़ रहा है वहीं कर्मचारियों में रोष बढ़ता जा रहा है... एसोसिएट प्रोड्यूसर पुनीत ने चैनल को बाय बाय कह दिया है...वहीं सीजी हेड धर्मेंद्र यादव ने हिंदी ख़बर ज्वाइंन कर लिया है... इसके अलावा कैमरा मैन सलिल सोनी ने न्यूज़ २४ के साथ नयी पारी शुरू कर दी है...

अलीगढ़ में खबर से नाराज विधायक ने रिपोर्टर पर कराया मुकदमा

maamla aligarh ka hai. jisme k news ke ek reporter arjun dev varshney ne smajvadi party ke vidhayak zameerullah ko bsp mai shaamil hone ki khabar ko breking news ki tarah chala diya.. mamla jb vidhayak ji samne aaya to vidhayak ne harkat mai aakar patrakaar ke khilaaf mukdma drz kra diya... kitne gair jimmedar hai aligarh ke k news aur nav bharat times jaise akhbbaar mai kaam kr rhe arjun dev varshney ji..